दानापुर में सोनू कुमार हत्याकांड का खुलासा, मुख्य आरोपित राजू उर्फ कालिया समेत छह गिरफ्तार; पिस्टल के पैसे मांगने के विवाद में हत्या का आरोप

पटना। राजधानी पटना के दानापुर स्थित इमलीतल पोस्ट ऑफिस गली में हुए चर्चित सोनू कुमार हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा करने का दावा किया है। पुलिस के अनुसार, इस मामले में मुख्य आरोपित राजू उर्फ कालिया समेत कुल छह लोगों को गिरफ्तार किया गया है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि हत्या की वजह कथित तौर पर पिस्टल के पैसे को लेकर हुआ विवाद था। पुलिस का कहना है कि आरोपितों से पूछताछ और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पूरे मामले की कड़ियां जोड़ी गई हैं। फिलहाल मामले की विस्तृत जांच जारी है।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, घटना के बाद विशेष जांच टीम (एसआईटी) का गठन किया गया था। टीम ने घटनास्थल से मिले साक्ष्यों, आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और तकनीकी निगरानी के आधार पर आरोपितों की पहचान की। इसके बाद लगातार छापेमारी कर मुख्य आरोपित राजू उर्फ कालिया सहित छह लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया।

जांच में पुलिस के अनुसार यह बात सामने आई कि मृतक सोनू कुमार और आरोपितों के बीच पहले से जान-पहचान थी। पूछताछ में यह जानकारी मिली कि कथित रूप से एक पिस्टल के लेन-देन को लेकर दोनों पक्षों के बीच विवाद चल रहा था। पुलिस का दावा है कि इसी विवाद ने बाद में हिंसक रूप ले लिया और सोनू कुमार की हत्या कर दी गई।

पुलिस का कहना है कि घटना के दिन आरोपितों और मृतक के बीच कहासुनी हुई थी। विवाद बढ़ने के बाद कथित तौर पर सोनू कुमार पर हमला किया गया, जिससे उनकी मौत हो गई। घटना के बाद आरोपित मौके से फरार हो गए थे। पुलिस ने वैज्ञानिक जांच और तकनीकी साक्ष्यों की मदद से उनकी तलाश शुरू की और अलग-अलग स्थानों पर छापेमारी कर सभी छह आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया।

गिरफ्तार किए गए आरोपितों से पुलिस लगातार पूछताछ कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि यह पता लगाया जा रहा है कि घटना में और कौन-कौन लोग शामिल थे तथा हत्या की साजिश कैसे बनाई गई। यदि जांच में अन्य लोगों की संलिप्तता सामने आती है तो उनके खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपितों के पास से घटना से जुड़े कुछ महत्वपूर्ण साक्ष्य भी बरामद किए गए हैं। हालांकि जांच प्रभावित न हो, इसलिए बरामदगी से जुड़ी सभी जानकारियां फिलहाल सार्वजनिक नहीं की गई हैं। पुलिस ने कहा है कि फोरेंसिक जांच रिपोर्ट और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर मामले को और मजबूत किया जाएगा।

घटना के बाद स्थानीय लोगों में काफी आक्रोश देखा गया था। इलाके के लोगों ने अपराधियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की थी। पुलिस का कहना है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच में तेजी लाई गई और कम समय में आरोपितों तक पहुंचने में सफलता मिली।

वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने बताया कि सभी गिरफ्तार आरोपितों को न्यायालय में पेश किया जाएगा और आगे की पूछताछ के लिए आवश्यक कानूनी प्रक्रिया अपनाई जाएगी। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि हत्या में इस्तेमाल किए गए हथियार की व्यवस्था कैसे की गई और कथित पिस्टल के लेन-देन का पूरा घटनाक्रम क्या था।

कानूनी विशेषज्ञों का कहना है कि हत्या जैसे मामलों में केवल पुलिस जांच ही अंतिम सत्य नहीं होती। अभियोजन पक्ष को अदालत में पर्याप्त साक्ष्य प्रस्तुत करने होंगे और न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही आरोपितों की दोषसिद्धि या बेगुनाही का अंतिम निर्णय होगा। इसलिए जांच के दौरान सामने आए तथ्यों की पुष्टि न्यायालय में होगी।

स्थानीय प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने और अफवाहों से बचने की अपील की है। पुलिस ने कहा है कि किसी भी प्रकार की भ्रामक जानकारी सोशल मीडिया पर साझा न करें और यदि किसी के पास मामले से जुड़ी कोई महत्वपूर्ण सूचना हो तो वह पुलिस को उपलब्ध कराए।

पिछले कुछ समय से पटना और आसपास के क्षेत्रों में गंभीर आपराधिक घटनाओं को लेकर पुलिस लगातार विशेष अभियान चला रही है। अधिकारियों का कहना है कि संगठित अपराध और अवैध हथियारों के खिलाफ कार्रवाई को और तेज किया जाएगा। अपराधियों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया कि कानून-व्यवस्था बनाए रखना सर्वोच्च प्राथमिकता है। किसी भी आपराधिक घटना में शामिल लोगों को बख्शा नहीं जाएगा और सभी मामलों की निष्पक्ष एवं वैज्ञानिक तरीके से जांच की जाएगी। अधिकारियों ने कहा कि नागरिकों का सहयोग अपराध नियंत्रण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

फिलहाल सोनू कुमार हत्याकांड में छह लोगों की गिरफ्तारी के बाद जांच एक महत्वपूर्ण चरण में पहुंच गई है। पुलिस अब गिरफ्तार आरोपितों से पूछताछ, डिजिटल साक्ष्यों, फोरेंसिक रिपोर्ट और अन्य उपलब्ध प्रमाणों के आधार पर चार्जशीट तैयार करने की प्रक्रिया में जुटी है। आने वाले दिनों में जांच में और भी महत्वपूर्ण खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।

इस बीच मृतक के परिजनों ने मामले में दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाने की मांग की है। वहीं पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि जांच निष्पक्ष, पारदर्शी और कानून के दायरे में पूरी की जाएगी, ताकि दोषियों को न्यायालय से उचित सजा मिल सके और पीड़ित परिवार को न्याय प्राप्त हो।