कुआं पुल पर दोनों ओर अलग-अलग आवागमन मार्ग बनाने का निर्देश, स्कूली बच्चों और आम लोगों को मिलेगी भारी जाम से राहत

कहलगांव (निज प्रतिनिधि): बिहार के भागलपुर जिले के कहलगांव नगर से एक बेहद राहत भरी खबर सामने आई है। कहलगांव नगर से सटे राष्ट्रीय राजमार्ग (NH-80) पर स्थित जर्जर कुआं पुल पर रोजाना लगने वाले भीषण ट्रैफिक जाम और विशेषकर स्कूल खुलने व बंद होने के समय बच्चों को होने वाली गंभीर परेशानियों को देखते हुए प्रशासन ने कड़ा कदम उठाया है। अनुमंडल पदाधिकारी (SDO) कृष्ण चंद्र गुप्ता ने स्थिति की गंभीरता की समीक्षा करते हुए राष्ट्रीय उच्च पथ (NH) के कार्यपालक और सहायक अभियंता को पत्र भेजकर पुल पर आवागमन को व्यवस्थित करने के लिए कड़े निर्देश जारी किए हैं। प्रशासन के इस फैसले से स्थानीय नागरिकों, स्कूली बच्चों और अभिभावकों ने राहत की सांस ली है।

पुल पर लागू होगी नई ट्रैफिक व्यवस्था: एक तरफ से आना, दूसरी तरफ से जाना

वर्तमान यातायात व्यवस्था की समीक्षा के बाद प्रशासन ने सुरक्षा और सुगमता को प्राथमिकता देते हुए स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि पुल पर आवागमन को दो हिस्सों में बांटा जाए:

अलग-अलग निर्धारित मार्ग: पुल पर पैदल यात्रियों और दोपहिया वाहनों के सुरक्षित आवागमन के लिए यह व्यवस्था की जा रही है कि एक ओर से केवल वाहनों का आना होगा और दूसरी ओर से केवल जाने का मार्ग निर्धारित किया जाएगा।

बैरिकेडिंग और डिवाइडर का निर्माण: दोनों निर्धारित मार्गों के बीच में सुरक्षा के मद्देनजर बैरिकेडिंग या डिवाइडर लगाए जाएंगे, ताकि ट्रैफिक अनुशासित रहे और बेतरतीब ढंग से वाहन पार करने की कोशिश न करें। इससे विशेष रूप से स्कूल आने-जाने वाले छोटे-छोटे बच्चों को सड़क पार करने और जाम से सुरक्षित बाहर निकलने में बड़ी सहूलियत मिलेगी।

अवैध पार्किंग और टोटो-ऑटो के ठहराव पर सख्त पाबंदी

कुआं पुल और उसके आसपास लगने वाले जाम का एक बड़ा कारण वाहनों की अनधिकृत पार्किंग और सड़क पर कहीं भी सवारियां चढ़ाना-उतारना रहा है:

100 फीट दूर तय होंगे पार्किंग स्थल: प्रशासन ने निर्देश दिया है कि पुल के दोनों छोर से कम से कम 100 फीट की दूरी पर ही ऑटो, टोटो, ट्रक और अन्य व्यावसायिक वाहनों के ठहराव के लिए स्थान चिह्नित किए जाएं।

नियम तोड़ने वालों पर होगी कानूनी कार्रवाई: तय किए गए स्थानों के अतिरिक्त यदि कोई भी चालक सड़क पर वाहन खड़ा करता है या बीच सड़क पर सवारी उतारता-चढ़ाता है, तो उसके खिलाफ मोटर व्हीकल एक्ट के तहत कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस दिशा में नियमित रूप से अभियान चलाने की जिम्मेदारी कहलगांव अंचलाधिकारी और रसलपुर थाना प्रभारी को सौंपी गई है।

पुलिस बल की तैनाती और निगरानी बढ़ाए जाने के निर्देश

स्कूली बच्चों की सुरक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रशासन ने पुलिस विभाग को भी सक्रिय कर दिया है:

पीक आवर्स में विशेष बल: विद्यालय खुलने और छुट्टी के समय बच्चों की सुरक्षा और यातायात नियंत्रण के लिए पुल पर त्वरित कार्रवाई दल (QRT) और पर्याप्त संख्या में पुलिस बलों की प्रतिनियुक्ति करने का निर्देश अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (SDPO, कहलगांव-01) को दिया गया है।

जनप्रतिनिधियों और नागरिकों की मांग पर एक्शन: गौरतलब है कि लगातार मिल रही शिकायतों और सोशल मीडिया पर इस समस्या को प्रमुखता से उठाए जाने के बाद प्रशासन हरकत में आया है। स्थानीय लोगों और जनप्रतिनिधियों ने जिला प्रशासन के इस त्वरित और व्यावहारिक कदम की सराहना की है।

कहलगांव के जर्जर कुआं पुल पर यातायात को सुगम बनाने के लिए प्रशासन द्वारा दिए गए ये निर्देश मील का पत्थर साबित हो सकते हैं। डिवाइडर या बैरिकेडिंग लगाकर आने-जाने के रास्ते को अलग करने और अवैध पार्किंग पर सख्ती बरतने से निश्चित तौर पर स्कूली बच्चों और आम राहगीरों को रोज-रोज के जाम से मुक्ति मिलेगी। प्रशासन की इस पहल से यह उम्मीद बंध गई है कि कहलगांव में यातायात व्यवस्था अब अधिक सुरक्षित और अनुशासित होगी।