मुजफ्फरपुर में मौसम का मिजाज बदला: गुरुवार को भी बारिश की प्रबल संभावना, अगले तीन दिनों तक झमाझम बरसेंगे बदरा; बुधवार को हुई 67 मिमी मूसलाधार बारिश से गिरा पारा

मुजफ्फरपुर: बिहार के मुजफ्फरपुर जिले में मानसून के सक्रिय होने के साथ ही मौसम का मिजाज पूरी तरह से बदल गया है। उमसभरी गर्मी और चिलचिलाती धूप से परेशान आम जनता को आखिरकार राहत की ठंडी फुहारें नसीब हुई हैं। मौसम विज्ञान विभाग (IMD) द्वारा जारी ताजा पूर्वानुमान के अनुसार, गुरुवार को भी मुजफ्फरपुर में झमाझम बारिश होने की पूरी संभावना है। मौसम विभाग ने यह भी जानकारी दी है कि यह बारिश का यह सिलसिला यहीं थमने वाला नहीं है, बल्कि अगले तीन दिनों तक लगातार बारिश जारी रह सकती है, जिससे तापमान में और अधिक गिरावट दर्ज होने की उम्मीद है।

बुधवार को रिकॉर्ड तोड़ बारिश: एक ही दिन में हुई 67 मिमी वर्षा

मुजफ्फरपुर में पिछले 24 घंटों के दौरान मौसम ने अचानक करवट ली और बुधवार को आसमान काले बादलों से घिर गया। दोपहर बाद शुरू हुई बारिश ने पूरे शहर और ग्रामीण इलाकों को तरबतर कर दिया।

67 एमएम बारिश दर्ज: मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, बुधवार को जिले में कुल 67 मिलीमीटर (mm) बारिश दर्ज की गई। इतनी भारी मात्रा में हुई बारिश के कारण शहर की सड़कों पर जगह-जगह जलभराव की स्थिति उत्पन्न हो गई, हालांकि इससे लोगों को भीषण गर्मी से तत्काल बड़ी राहत मिली।

तापमान में भारी गिरावट: बारिश के चलते मुजफ्फरपुर के तापमान में अचानक से भारी गिरावट दर्ज की गई। बुधवार को जिले का अधिकतम तापमान 30.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जबकि न्यूनतम तापमान में भी खासी गिरावट आई है। मौसम के इस सुहाने रुख से लोगों ने चैन की सांस ली है।

अगले तीन दिनों तक कैसा रहेगा मौसम का हाल?

मौसम विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिकों का मानना है कि वर्तमान में बना मानसूनी ट्रफ और चक्रवातीय परिसंचरण (Cyclonic Circulation) का असर उत्तर बिहार के जिलों पर स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है।

लगातार बारिश का अनुमान: विभाग का पूर्वानुमान है कि अगले 72 घंटों यानी तीन दिनों तक मुजफ्फरपुर समेत आसपास के इलाकों में आंशिक से लेकर घने बादल छाए रहेंगे। इस दौरान कई स्थानों पर मध्यम से लेकर मूसलाधार बारिश और गरज के साथ वज्रपात (Thunderstorm & Lightning) की भी संभावना है।

किसानों के चेहरे खिले: धान की फसल और खेतों की बुवाई के लिए यह बारिश वरदान साबित हो रही है। लंबे समय से बारिश का इंतजार कर रहे किसानों के चेहरों पर अब रौनक लौट आई है, क्योंकि इस मानसूनी बारिश से धान के बिचड़ों और खेतों की सिंचाई की समस्या काफी हद तक दूर हो जाएगी।

शहर में जलभराव और ट्रैफिक की समस्या से लोगों को परेशानी

एक तरफ जहाँ यह बारिश किसानों और गर्मी से जूझ रहे आम नागरिकों के लिए राहत लेकर आई है, वहीं दूसरी तरफ शहरी इलाकों में कुप्रबंधन के चलते लोगों को कुछ मुश्किलों का सामना भी करना पड़ रहा है।

जलभराव और कीचड़: बुधवार को हुई 67 एमएम की भारी बारिश के बाद मुजफ्फरपुर शहर के कई प्रमुख निचले इलाकों, जैसे मीनापुर, सिकंदरपुर, पंखा टोली और ब्रह्मपुरा समेत कई कॉलोनियों में जलभराव की समस्या देखने को मिली। नालियों का पानी सड़कों पर बहने लगा, जिससे राहगीरों और वाहन चालकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा।

प्रशासनिक सतर्कता: जलभराव और भारी बारिश की स्थिति को देखते हुए जिला प्रशासन और नगर निगम के अधिकारियों को भी अलर्ट कर दिया गया है, ताकि जल निकासी के पुख्ता इंतजाम किए जा सकें।

मौसम विभाग की चेतावनी: वज्रपात से रहें सावधान

मौसम विभाग ने अगले तीन दिनों तक संभावित बारिश और बादलों की गर्जना को देखते हुए आम जनता और विशेष रूप से किसानों के लिए एक एडवाइजरी जारी की है।

सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील: विभाग ने चेतावनी दी है कि खराब मौसम और तेज गर्जना के दौरान लोग पेड़ों के नीचे या खुले खेतों में जाने से बचें। वज्रपात (आकाशीय बिजली) की आशंका को देखते हुए सतर्कता बरतना बेहद जरूरी है।

कुल मिलाकर, मुजफ्फरपुर में मानसून की यह जोरदार दस्तक गर्मी से राहत लेकर आई है। अगले तीन दिनों तक मौसम का यह सुहाना मिजाज बना रहेगा, जो पर्यावरण और कृषि दोनों के लिए बेहद अनुकूल माना जा रहा है।