प्रतापगढ़ की बेटी का कमाल: श्रद्धा पांडेय बनीं BPSC की टॉपर, अब संभालेंगी बिहार में SDM की कमान
उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ की रहने वाली श्रद्धा पांडेय ने बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) की 70वीं संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा में पूरे राज्य में पहला स्थान (Rank 1) हासिल कर जिले और प्रदेश का नाम रोशन किया है। श्रद्धा ने इस प्रतिष्ठित परीक्षा में 593 अंक प्राप्त कर टॉप किया है। वर्तमान में वे उत्तर प्रदेश में असिस्टेंट कमिश्नर के पद पर कार्यरत हैं और अब बिहार में एसडीएम (SDM) के रूप में अपनी सेवाएं देंगी।
सफलता के मुख्य बिंदु
परीक्षा का नाम: बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) 70वीं संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा।
हासिल रैंक: पूरे राज्य में प्रथम स्थान (Rank 1)।
कुल प्राप्तांक: 593 अंक।
नया पद: बिहार प्रशासनिक सेवा (BAS) के तहत एसडीएम (SDM)।
वारिक पृष्ठभूमि और शिक्षा
श्रद्धा पांडेय मूल रूप से प्रतापगढ़ जिले के रानीगंज तहसील (पचरास वार्ड) के एक साधारण परिवार से आती हैं। उनके पिता संतोष पांडेय रानीगंज तहसील में ही अधिवक्ता (वकील) होने के साथ-साथ एक किसान भी हैं। श्रद्धा तीन भाई-बहनों में सबसे बड़ी हैं।
उन्होंने अपनी शुरुआती शिक्षा रानीगंज के लोकल स्कूलों से पूरी की। इसके बाद साल 2021 में 'स्वामी करपात्री जी महाराज राजकीय महाविद्यालय' से इतिहास और अंग्रेजी साहित्य में स्नातक (Graduation) की डिग्री हासिल की।
पहले प्रयास में UPPSC और अब BPSC में टॉप
श्रद्धा की प्रतिभा का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि उन्होंने कॉलेज पूरा करते ही अपने पहले ही प्रयास में यूपीपीसीएस (UPPSC) परीक्षा पास कर ली थी। वर्तमान में वे उत्तर प्रदेश सरकार के वाणिज्य कर विभाग में असिस्टेंट कमिश्नर के पद पर तैनात हैं। नौकरी में रहते हुए ही उन्होंने अपनी तैयारी जारी रखी और अब बीपीएससी में ऐतिहासिक सफलता हासिल की।
परीक्षा से जुड़े कुछ अहम आंकड़े
ऐतिहासिक चयन: इस बार बीपीएससी ने रिकॉर्ड 2,027 उम्मीदवारों का चयन किया है, जो स्वतंत्रता के बाद से अब तक का सबसे बड़ा बैच है।
बेटियों का दबदबा: परीक्षा के टॉप 100 में 45 महिला उम्मीदवारों ने जगह बनाई है, जिसका नेतृत्व खुद श्रद्धा पांडेय कर रही हैं।
कड़ा मुकाबला: श्रद्धा के बाद दूसरे और तीसरे स्थान पर क्रमशः शशांक गौरव और आयुष बिजॉय रहे, जिन्होंने 592 अंक हासिल किए।