पटना एयरपोर्ट पर पार्किंग हुई महंगी, शुल्क में छह गुना तक बढ़ोतरी; एसयूवी, ऑटो और निजी कार चालकों को अब चुकाने होंगे अधिक पैसे

पटना। राजधानी पटना के जयप्रकाश नारायण अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे का उपयोग करने वाले यात्रियों और वाहन चालकों के लिए अब एयरपोर्ट पहुंचना पहले की तुलना में महंगा हो गया है। एयरपोर्ट प्रशासन ने वाहनों की पार्किंग शुल्क दरों में बड़ा संशोधन करते हुए नई दरें लागू कर दी हैं। नई व्यवस्था के तहत कई श्रेणियों के वाहनों के लिए पार्किंग शुल्क में छह गुना तक की बढ़ोतरी की गई है।

नई दरों के अनुसार, सात सीटर से अधिक क्षमता वाली एसयूवी, निजी कार और ऑटो को अब पार्किंग के लिए पहले के 20 रुपये की जगह 80 रुपये का भुगतान करना होगा। इस फैसले के बाद नियमित रूप से एयरपोर्ट आने-जाने वाले यात्रियों, टैक्सी चालकों और वाहन मालिकों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ बढ़ने की संभावना है।

नई पार्किंग दरें हुई लागू

एयरपोर्ट प्रशासन द्वारा जारी नई व्यवस्था के अनुसार विभिन्न श्रेणियों के वाहनों के लिए पार्किंग शुल्क में संशोधन किया गया है। सबसे अधिक चर्चा सात सीटर से बड़ी एसयूवी, निजी कारों और ऑटो के शुल्क में हुई बढ़ोतरी को लेकर हो रही है।

पहले जहां इन वाहनों के लिए निर्धारित समय तक पार्किंग करने पर केवल 20 रुपये देने पड़ते थे, वहीं अब इसी अवधि के लिए 80 रुपये का भुगतान करना होगा। यह बढ़ोतरी लगभग चार गुना राशि और पूर्व न्यूनतम शुल्क की तुलना में कई श्रेणियों में छह गुना तक प्रभाव वाली मानी जा रही है।

यात्रियों की जेब पर बढ़ेगा असर

नई पार्किंग दरों का सीधा असर उन लोगों पर पड़ेगा जो अपने परिजनों को छोड़ने या लेने के लिए निजी वाहन से एयरपोर्ट पहुंचते हैं।

यदि किसी कारण से वाहन को कुछ समय तक पार्किंग में रखना पड़े, तो पहले की तुलना में कहीं अधिक शुल्क देना होगा। इससे एयरपोर्ट आने-जाने का कुल खर्च बढ़ जाएगा।

नियमित रूप से एयरपोर्ट का उपयोग करने वाले व्यापारियों, कॉर्पोरेट यात्रियों और टैक्सी संचालकों पर भी इसका आर्थिक प्रभाव पड़ सकता है।

टैक्सी और ऑटो चालकों की बढ़ी चिंता

एयरपोर्ट परिसर में यात्रियों को छोड़ने और लेने वाले टैक्सी तथा ऑटो चालकों ने पार्किंग शुल्क में बढ़ोतरी को लेकर चिंता जताई है।

उनका कहना है कि बढ़ी हुई पार्किंग लागत का असर उनकी आय पर पड़ेगा। कई चालकों का मानना है कि यदि उन्हें अधिक शुल्क देना पड़ेगा, तो अंततः इसका भार यात्रियों पर भी आ सकता है।

एयरपोर्ट पर बढ़ रही है यात्रियों की संख्या

पिछले कुछ वर्षों में पटना एयरपोर्ट से यात्रा करने वाले यात्रियों की संख्या लगातार बढ़ी है। घरेलू और अंतरराज्यीय उड़ानों के विस्तार के साथ एयरपोर्ट पर वाहनों की आवाजाही भी पहले की तुलना में अधिक हो गई है।

विशेषज्ञों का मानना है कि बढ़ते यातायात और सीमित पार्किंग क्षमता को देखते हुए पार्किंग प्रबंधन को बेहतर बनाने के लिए समय-समय पर शुल्क संरचना में बदलाव किए जाते हैं।

पार्किंग व्यवस्था को बेहतर बनाने का उद्देश्य

एयरपोर्ट प्रबंधन का कहना है कि पार्किंग शुल्क में संशोधन का उद्देश्य केवल राजस्व बढ़ाना नहीं, बल्कि पार्किंग क्षेत्र का बेहतर प्रबंधन, वाहनों की अनावश्यक भीड़ कम करना और यात्रियों को व्यवस्थित सुविधा उपलब्ध कराना भी है।

उचित शुल्क व्यवस्था लागू होने से पार्किंग स्थलों का अधिक प्रभावी उपयोग हो सकेगा और अनावश्यक रूप से लंबे समय तक वाहन खड़े रहने की प्रवृत्ति कम होगी।

यात्रियों ने दी मिली-जुली प्रतिक्रिया

नई पार्किंग दरों को लेकर यात्रियों की प्रतिक्रियाएं मिश्रित रही हैं।

कुछ लोगों का कहना है कि यदि पार्किंग, सुरक्षा, साफ-सफाई और यातायात प्रबंधन जैसी सुविधाओं में सुधार होता है, तो बढ़ा हुआ शुल्क उचित माना जा सकता है।

वहीं कई यात्रियों ने कहा कि अचानक इतनी बड़ी बढ़ोतरी आम लोगों की जेब पर अतिरिक्त बोझ डालेगी और शुल्क वृद्धि चरणबद्ध तरीके से होनी चाहिए थी।

विशेषज्ञों की राय

परिवहन और शहरी प्रबंधन से जुड़े विशेषज्ञों का मानना है कि किसी भी एयरपोर्ट पर पार्किंग शुल्क तय करते समय यात्रियों की सुविधा और संचालन लागत के बीच संतुलन आवश्यक है।

उनका कहना है कि यदि बढ़े हुए शुल्क के साथ आधुनिक पार्किंग व्यवस्था, बेहतर सुरक्षा, डिजिटल भुगतान, तेज प्रवेश-निकास प्रणाली और यातायात प्रबंधन जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाती हैं, तो यात्रियों को इसका लाभ मिलेगा।

डिजिटल भुगतान और स्मार्ट पार्किंग पर जोर

एयरपोर्टों पर अब डिजिटल भुगतान और स्मार्ट पार्किंग सिस्टम को बढ़ावा दिया जा रहा है। इससे वाहन चालकों को नकद भुगतान की आवश्यकता कम होती है और प्रवेश तथा निकास की प्रक्रिया तेज होती है।

भविष्य में पटना एयरपोर्ट पर भी पार्किंग व्यवस्था को और अधिक तकनीकी रूप से सक्षम बनाने की दिशा में कदम उठाए जा सकते हैं।

बढ़ते हवाई यातायात के साथ बदल रही व्यवस्थाएं

पटना एयरपोर्ट लगातार विस्तार और आधुनिकीकरण की दिशा में आगे बढ़ रहा है। यात्रियों की बढ़ती संख्या को देखते हुए समय-समय पर विभिन्न सेवाओं और सुविधाओं में बदलाव किए जा रहे हैं।

पार्किंग शुल्क में संशोधन भी इसी व्यापक प्रक्रिया का हिस्सा माना जा रहा है, जिसका उद्देश्य एयरपोर्ट संचालन को अधिक व्यवस्थित बनाना है।

पटना एयरपोर्ट पर लागू नई पार्किंग शुल्क व्यवस्था के बाद अब सात सीटर से अधिक क्षमता वाली एसयूवी, निजी कार और ऑटो को पहले की तुलना में अधिक भुगतान करना होगा। 20 रुपये के स्थान पर 80 रुपये की नई दर लागू होने से यात्रियों और वाहन चालकों के खर्च में वृद्धि होगी।

हालांकि एयरपोर्ट प्रशासन का उद्देश्य पार्किंग प्रबंधन को अधिक व्यवस्थित और प्रभावी बनाना है, लेकिन इस निर्णय का सीधा असर नियमित यात्रियों, टैक्सी संचालकों और निजी वाहन मालिकों की जेब पर पड़ेगा। आने वाले समय में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि नई व्यवस्था से पार्किंग संचालन में कितना सुधार आता है और यात्रियों को इसके बदले कितनी बेहतर सुविधाएं मिलती हैं।