इंडियन डेंटल एसोसिएशन (IDA) अंग प्रदेश भागलपुर शाखा द्वारा भव्य रूप से मनाया गया 'ओरल हाइजीन डे'; दंत चिकित्सकों ने दी दांतों की देखभाल और मौखिक स्वास्थ्य की सीख
भागलपुर, कार्यालय संवाददाता: अंग प्रदेश की सांस्कृतिक राजधानी भागलपुर में स्वास्थ्य जागरूकता के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए इंडियन डेंटल एसोसिएशन (IDA) अंग प्रदेश भागलपुर शाखा की ओर से 'ओरल हाइजीन डे' (National Oral Hygiene Day) अत्यंत उत्साह और, भव्यता के साथ मनाया गया। इस अवसर पर शहर के प्रतिष्ठित दंत चिकित्सकों, चिकित्सा विशेषज्ञों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने मिलकर मौखिक स्वास्थ्य (Oral Health) के प्रति आम जनता को जागरूक करने के लिए विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया। कार्यक्रम के दौरान शहर के कई विद्यालयों, सार्वजनिक स्थलों और क्लीनिकों में विशेष जागरूकता अभियान चलाए गए, जहाँ लोगों को दांतों की सही देखभाल, खान-पान की आदतों और नियमित दंत परीक्षण (Dental Check-up) के महत्व के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई।
ओरल हाइजीन डे का मुख्य उद्देश्य और महत्व
कार्यक्रम की शुरुआत करते हुए IDA अंग प्रदेश भागलपुर शाखा के पदाधिकारियों ने बताया कि शरीर को स्वस्थ रखने के लिए मुख और दांतों की स्वच्छता सबसे पहली सीढ़ी है:
सामान्य स्वास्थ्य से सीधा जुड़ाव: चिकित्सकों ने इस बात पर विशेष जोर दिया कि मुंह की खराब साफ-सफाई केवल मसूड़ों की बीमारी या कैविटी तक सीमित नहीं है, बल्कि यह दिल की बीमारियों, मधुमेह (Diabetes) और अन्य गंभीर शारीरिक समस्याओं को भी न्योता देती है।
नियमित ब्रश करने की आदत: बच्चों और युवाओं में ओरल हाइजीन को लेकर जागरूकता फैलाने के लिए विशेष सत्र आयोजित किए गए, जिसमें दिन में दो बार सही तरीके से ब्रश करने और हर भोजन के बाद कुल्ला करने की आदत डालने का संदेश दिया गया।
आईडीए शाखा द्वारा आयोजित विशेष गतिविधियां और शिविर
भागलपुर शाखा के बैनर तले आयोजित इस विशेष दिवस पर कई रचनात्मक और जन-कल्याणकारी गतिविधियां संपन्न हुईं:
निःशुल्क दंत जांच शिविर (Dental Check-up Camp): शहर के विभिन्न इलाकों में आईडीए के डॉक्टरों की टीम द्वारा मुफ्त जांच शिविर लगाए गए, जहाँ सैकड़ों बच्चों, युवाओं और बुजुर्गों के दांतों की जांच की गई और उन्हें निःशुल्क टूथपेस्ट, ब्रश व अन्य मौखिक देखभाल सामग्री वितरित की गई।
स्कूली बच्चों के लिए जागरूकता सत्र: स्थानीय विद्यालयों में दंत चिकित्सकों ने जाकर छात्रों को मौखिक स्वच्छता के गुर सिखाए। बच्चों को यह समझाया गया कि चॉकलेट, जंक फूड और अत्यधिक मीठी चीजें खाने से दांतों को किस प्रकार नुकसान पहुंचता है और उससे कैसे बचा जा सकता है।
पोस्टर और बैनर के जरिए प्रचार: शहर के प्रमुख चौराहों और चिकित्सा संस्थानों पर आकर्षक बैनर-पोस्टर लगाकर लोगों को ओरल हाइजीन के प्रति संदेश दिए गए, ताकि समाज के हर वर्ग तक यह महत्वपूर्ण जानकारी पहुंच सके।
दंत चिकित्सकों का संदेश: "स्वस्थ दांत, सुंदर मुस्कान और बेहतर सेहत"
कार्यक्रम में मौजूद भागलपुर के जाने-माने दंत चिकित्सकों ने अपने संबोधन में कहा कि आधुनिक जीवनशैली और खान-पान में बदलाव के कारण दांतों की बीमारियां तेजी से बढ़ रही हैं:
तंबाकू और गुटखे के दुष्प्रभावों पर चर्चा: चिकित्सकों ने विशेष रूप से युवाओं से अपील की कि वे तंबाकू, गुटखा, खैनी और सिगरेट जैसी नशीली चीजों से दूर रहें, क्योंकि ये ओरल कैंसर (मुंह के कैंसर) का सबसे बड़ा कारण बनते हैं।
हर छह महीने पर चेक-up की सलाह: विशेषज्ञों ने सलाह दी कि हर व्यक्ति को साल में कम से कम दो बार अपने नजदीकी दंत चिकित्सक से मिलकर दांतों की रुटीन जांच करानी चाहिए, ताकि किसी भी बीमारी की शुरुआत में ही उसकी रोकथाम की जा सके।
इंडियन डेंटल एसोसिएशन (IDA) अंग प्रदेश भागलपुर शाखा द्वारा आयोजित यह 'ओरल हाइजीन डे' समारोह शहरवासियों के लिए बेहद उपयोगी और प्रेरणादायक साबित हुआ। इस आयोजन ने न केवल लोगों को दांतों की देखभाल के प्रति जागरूक किया, बल्कि यह भी संदेश दिया कि एक स्वस्थ मुस्कान ही आत्मविश्वास और अच्छे स्वास्थ्य की पहचान है। आईडीए की इस सराहनीय पहल की पूरे भागलपुर में प्रबुद्ध नागरिकों और चिकित्सा जगत द्वारा भूरी-भूरी प्रशंसा की गई है।