दानापुर के पेठिया बाजार में भीषण आग, बड़ी देवी स्थान के पास छह झोपड़ीनुमा दुकानें जलकर राख; लाखों का नुकसान
संवाददाता | दानापुर (पटना)
पटना जिले के दानापुर स्थित पेठिया बाजार में शुक्रवार देर रात उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब बड़ी देवी स्थान के समीप अचानक भीषण आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और आसपास स्थित छह झोपड़ीनुमा दुकानों को अपनी चपेट में ले लिया। कुछ ही मिनटों में सभी दुकानें धू-धू कर जलने लगीं। आग की लपटें और धुएं का गुबार दूर-दूर तक दिखाई देने लगा, जिससे पूरे इलाके में दहशत का माहौल बन गया।
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और अपने स्तर से आग बुझाने का प्रयास शुरू कर दिया। लोगों ने बाल्टियों से पानी डालकर आग पर काबू पाने की कोशिश की, लेकिन तेज हवाओं और झोपड़ीनुमा दुकानों में रखे ज्वलनशील सामान के कारण आग तेजी से फैलती चली गई। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए तत्काल अग्निशमन विभाग को सूचना दी गई।
सूचना मिलने के बाद अग्निशमन विभाग की पांच दमकल गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। दमकल कर्मियों ने स्थानीय लोगों और पुलिस के सहयोग से करीब डेढ़ घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह काबू पाया। राहत की बात यह रही कि इस हादसे में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है, लेकिन छह दुकानों में रखा लाखों रुपये मूल्य का सामान पूरी तरह जलकर राख हो गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आग इतनी भयावह थी कि कुछ समय के लिए पूरे बाजार क्षेत्र में भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। आसपास के दुकानदारों ने अपनी-अपनी दुकानों से सामान निकालकर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया ताकि आग अन्य दुकानों तक न फैल सके। स्थानीय लोगों ने दमकल कर्मियों के साथ मिलकर आग बुझाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
आग की चपेट में आने वाली दुकानों में दैनिक उपयोग की वस्तुएं, किराना सामग्री, कपड़े, प्लास्टिक के सामान, लकड़ी के फर्नीचर तथा अन्य घरेलू उपयोग की वस्तुएं रखी हुई थीं। दुकानदारों का कहना है कि अधिकांश सामान पूरी तरह जल गया है और उन्हें भारी आर्थिक नुकसान हुआ है। कई दुकानदारों ने बताया कि यही दुकान उनके परिवार की आजीविका का एकमात्र साधन थी। अचानक हुई इस घटना ने उनके सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा कर दिया है।
घटना की सूचना मिलने पर स्थानीय थाना पुलिस भी मौके पर पहुंची और भीड़ को नियंत्रित करते हुए राहत एवं बचाव कार्य में सहयोग किया। पुलिस ने आग प्रभावित क्षेत्र को घेरकर लोगों को सुरक्षित दूरी पर रखा, जिससे दमकल कर्मियों को आग बुझाने में किसी प्रकार की बाधा न हो। अधिकारियों ने आसपास के बिजली कनेक्शन भी एहतियात के तौर पर बंद करा दिए ताकि कोई बड़ा हादसा न हो।
प्रारंभिक जांच में आग लगने के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल सका है। हालांकि स्थानीय लोगों का अनुमान है कि आग शॉर्ट सर्किट या किसी अन्य तकनीकी कारण से लगी हो सकती है। पुलिस और अग्निशमन विभाग ने मामले की जांच शुरू कर दी है। विशेषज्ञों की टीम घटनास्थल का निरीक्षण कर आग लगने के वास्तविक कारणों का पता लगाने में जुटी है।
अग्निशमन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि सूचना मिलते ही दमकल की पांच गाड़ियां तत्काल रवाना की गईं। आग तेजी से फैल रही थी, इसलिए अतिरिक्त संसाधन भी लगाए गए। समय रहते आग पर नियंत्रण नहीं पाया जाता तो आसपास की कई और दुकानें तथा मकान भी इसकी चपेट में आ सकते थे। दमकल कर्मियों की तत्परता और स्थानीय लोगों के सहयोग से एक बड़ी दुर्घटना टल गई।
घटना के बाद स्थानीय जनप्रतिनिधि और प्रशासनिक अधिकारी भी मौके पर पहुंचे तथा नुकसान का जायजा लिया। अधिकारियों ने प्रभावित दुकानदारों को हरसंभव सरकारी सहायता उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया। राजस्व विभाग की टीम को भी नुकसान का आकलन करने का निर्देश दिया गया है ताकि नियमानुसार राहत उपलब्ध कराई जा सके।
आग से प्रभावित दुकानदारों ने प्रशासन से आर्थिक सहायता की मांग की है। उनका कहना है कि वर्षों की मेहनत से तैयार किया गया कारोबार कुछ ही मिनटों में राख हो गया। कई दुकानदारों ने बताया कि उन्होंने हाल ही में उधार लेकर नया सामान खरीदा था, जो पूरी तरह जल गया। ऐसे में उनके सामने परिवार के भरण-पोषण की गंभीर समस्या खड़ी हो गई है।
स्थानीय लोगों ने बाजार क्षेत्र में अग्नि सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाने की मांग की है। उनका कहना है कि बाजार में अधिकांश दुकानें अस्थायी ढांचे में संचालित होती हैं, जहां अग्निशमन के पर्याप्त संसाधन उपलब्ध नहीं हैं। यदि बाजार में फायर एक्सटिंग्विशर, पानी की समुचित व्यवस्था और नियमित सुरक्षा जांच हो, तो भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं से होने वाले नुकसान को काफी हद तक कम किया जा सकता है।
प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे बिजली के उपकरणों का सुरक्षित उपयोग करें, दुकानों में ज्वलनशील सामग्री का उचित रखरखाव करें और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत अग्निशमन विभाग तथा स्थानीय पुलिस को सूचना दें। साथ ही बाजारों में अग्नि सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित करने के लिए नियमित निरीक्षण अभियान चलाने की भी बात कही गई है।
शुक्रवार देर रात हुई इस आगजनी की घटना ने एक बार फिर बाजार क्षेत्रों में अग्नि सुरक्षा व्यवस्था की आवश्यकता को उजागर कर दिया है। फिलहाल पुलिस और अग्निशमन विभाग संयुक्त रूप से मामले की जांच कर रहे हैं तथा नुकसान का विस्तृत आकलन किया जा रहा है। स्थानीय लोगों को उम्मीद है कि प्रभावित दुकानदारों को शीघ्र राहत मिलेगी और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए प्रभावी कदम उठाए जाएंगे।