मुजफ्फरपुर के बाबा गरीबनाथ धाम में सावन की दूसरी सोमवारी पर उमड़ेगा शिव भक्तों का सैलाब, प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े किए इंतजाम
मुजफ्फरपुर: पवित्र सावन मास के पावन अवसर पर बिहार के बाबा नगरी के रूप में प्रसिद्ध मुजफ्फरपुर के ऐतिहासिक बाबा गरीबनाथ मंदिर में आस्था काार सैलाब उमड़ने लगा है। सावन की दूसरी सोमवारी पर बाबा गरीबनाथ के दर्शन और जलाभिषेक के लिए लाखों की संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की प्रबल संभावना है। इस अपार भीड़ और संभावित दबाव को ध्यान में रखते हुए जिला प्रशासन और पुलिस महकमे ने अभी से ही कमर कस ली है। श्रद्धालुओं की सुरक्षा, विधि-व्यवस्था और सुगम जलाभिषेक को सुनिश्चित करने के लिए चाक-चौबंद तैयारियां शुरू कर दी गई हैं।
श्रद्धालुओं की भारी भीड़ का अनुमान और प्रशासन की चुनौती
सावन के महीने में हर सोमवार का विशेष महत्व होता है, और खासकर दूसरी सोमवारी पर दूर-दूर से कांवड़िए (Kanwariyas) और आम श्रद्धालु बाबा गरीबनाथ का जलाभिषेक करने के लिए पहुंचते हैं।
लाखों की संख्या में पहुंचेंगे भक्त: पिछले वर्षों के आंकड़ों और इस बार शुरुआती सोमवारी पर उमड़ी भीड़ को देखते हुए प्रशासन का अनुमान है कि इस बार दूसरी सोमवारी पर रिकॉर्ड संख्या में श्रद्धालु पहुंचेंगे।
प्रमुख मार्ग और कतार प्रबंधन: कच्ची कांवरिया मार्ग से लेकर मंदिर परिसर तक भक्तों की लंबी कतारें लगेंगी। ऐसे में किसी भी प्रकार की भगदड़ (Stampede) या अव्यवस्था को रोकने के लिए प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद नजर आ रहा है।
सादे लिबास में तैनात रहेंगे पुलिसकर्मी: असामाजिक तत्वों पर पैनी नजर
मेले और भारी भीड़भाड़ वाले धार्मिक आयोजनों में अक्सर असामाजिक तत्वों, उचक्कों और जेबकतरों (Pickpockets) के सक्रिय होने का खतरा बना रहता है। महिला श्रद्धालुओं के साथ छेड़खानी या चेन स्नेचिंग जैसी वारदातों को रोकने के लिए पुलिस इस बार बेहद सतर्क है।
विशेष खुफिया और सादी वर्दी दल: मंदिर परिसर, कतार मार्ग और आसपास के भीड़भाड़ वाले इलाकों में पुलिस अधिकारियों और जवानों को सादे लिबास (Civil Dress) में तैनात किया जाएगा। ये जवान आम श्रद्धालुओं की तरह ही भीड़ के बीच रहकर संदिग्ध गतिविधियों पर कड़ी नजर रखेंगे।
सीसीटीवी और ड्रोन से निगरानी: पूरे मेला क्षेत्र को इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस के दायरे में लाया गया है। जगह-जगह हाई-डेफिनिशन सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, जिन्हें कंट्रोल रूम से लगातार मॉनिटर किया जाएगा। इसके अलावा, ड्रोन कैमरों के जरिए भी भीड़ के मूवमेंट पर नजर रखी जाएगी ताकि किसी भी आपात स्थिति से तुरंत निपटा जा सके।
यातायात और रूट डायवर्जन की विशेष व्यवस्था
लाखों की संख्या में आने वाले श्रद्धालुओं और वाहनों के कारण शहर में जाम की स्थिति उत्पन्न न हो, इसके लिए ट्रैफिक पुलिस ने एक विस्तृत रूट प्लान तैयार किया है:
वाहन प्रवेश पर प्रतिबंध: सावन के विशेष दिनों में शहर के मुख्य मार्गों और मंदिर के आसपास के इलाकों को नो-व्हीकल जोन (No-Vehicle Zone) घोषित किया जाएगा, जिससे केवल पैदल श्रद्धालु ही आ-जा सकें।
वैकल्पिक मार्ग: भारी वाहनों और शहर से गुजरने वाले कमर्शियल ट्रैफिक को शहर के बाहर से ही डायवर्ट किया जाएगा ताकि शहरवासियों और कांवरियों को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
जगह-जगह ड्रॉप गेट: सुरक्षा और भीड़ नियंत्रण के लिए प्रमुख चौराहों पर ड्रॉप गेट और बैरिकेडिंग की गई है।
चिकित्सा और स्वास्थ्य सुविधाएं मुस्तैद
भीड़भाड़, गर्मी और उमस के कारण कई बार श्रद्धालुओं की तबीयत बिगड़ने या भगदड़ जैसी स्थिति में चोट लगने का अंदेशा रहता है। इसे ध्यान में रखते हुए जिला स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह तैयार है:
अस्थायी चिकित्सा शिविर: मंदिर मार्ग और प्रमुख स्थानों पर मेडिकल कैंप स्थापित किए जाएंगे, जहां डॉक्टरों और पारा मेडिकल स्टाफ की तैनाती 24 घंटे रहेगी।
एंबुलेंस सेवा: आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए लाइफ सपोर्ट सिस्टम से लैस एंबुलेंस को अलर्ट मोड पर रखा गया है, ताकि किसी भी मरीज को तुरंत नजदीकी अस्पताल पहुंचाया जा सके।
प्रशासनिक अपील और शांति व्यवस्था का संदेश
जिला प्रशासन और मंदिर प्रबंधन समिति ने संयुक्त रूप से सभी श्रद्धालुओं से शांति, संयम और अनुशासन बनाए रखने की अपील की है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सुरक्षा नियमों का उल्लंघन करने वालों या माहौल बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
बाबा गरीबनाथ धाम में सावन की दूसरी सोमवारी को लेकर प्रशासन की यह व्यापक तैयारियां इस बात का प्रमाण हैं कि सरकार और पुलिस महकमा श्रद्धालुओं की सुरक्षा को सर्वोपरि मान रहा है। हर-हर महादेव के जयकारों के बीच होने वाले इस भव्य आयोजन को शांतिपूर्ण और सुरक्षित तरीके से संपन्न कराने के लिए पुलिस और प्रशासन पूरी निष्ठा के साथ मुस्तैद है।