श्रावणी मेला 2026 की प्रशासनिक तैयारियां तेज; नगर निगम ने घाटों पर कांवरियों की सुविधा और सुरक्षा के लिए शुरू किए व्यापक इंतजाम, बैरिकेडिंग और सड़क मरम्मत का कार्य युद्ध स्तर पर जारी
भागलपुर, मुख्य संवाददाता: देवघर जाने वाले लाखों शिव भक्तों की आस्था के महापर्व यानी श्रावणी मेला के आगाज से ठीक पहले भागलपुर जिला प्रशासन और नगर निगम पूरी तरह एक्शन मोड में आ गया है। मेला क्षेत्र में आने वाले श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा, जाम या दुर्घटनाओं से बचाने के लिए नगर निगम ने अभूतपूर्व और व्यापक तैयारियां शुरू कर दी हैं। नगर आयुक्त के सख्त निर्देशों के आलोक में शहर के प्रमुख गंगा घाटों, कांवरिया मार्गों और तटीय क्षेत्रों में युद्ध स्तर पर विकास व सुरक्षात्मक कार्य किए जा रहे हैं। घाटों पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम के तहत वाटर बैरिकेडिंग (Water Barricading) का काम तेजी से चल रहा है, वहीं सड़कों और नालों की मरम्मत का कार्य भी अंतिम चरण में है, जिससे इस वर्ष कांवरियों की यात्रा पूरी तरह सुरक्षित और सुगम हो सके।
क्या हैं नगर निगम की प्रमुख तैयारियां और योजनाएं?
श्रावणी मेला के दौरान भागलपुर और सुल्तानगंज से गुजरने वाले कांवरियों की भारी भीड़ को नियंत्रित करना प्रशासन के लिए हमेशा से एक बड़ी चुनौती रहा है। इसे ध्यान में रखते हुए इस बार नगर निगम ने शुरुआती चरण से ही अपनी कमर कस ली है।
घाटों पर बैरिकेडिंग और सुरक्षा घेरा: गंगा के बढ़ते जलस्तर और गहरे पानी के खतरों को देखते हुए स्नान करने वाले घाटों पर मजबूत बांस-बल्ला और लोहे के पाइपों से बैरिकेडिंग की जा रही है ताकि कोई भी श्रद्धालु गहरे पानी में न जा सके।
महिला कांवरियों के लिए विशेष चेंजिंग रूम: घाटों पर महिला श्रद्धालुओं की सुविधा और गोपनीयता को ध्यान में रखते हुए अस्थायी चेंजिंग रूम (कपड़ा बदलने की जगह) और शौचालय का निर्माण कराया जा रहा है।
स्वच्छता और पेयजल की व्यवस्था: मेला मार्ग पर जगह-जगह शुद्ध पेयजल के लिए प्याऊ और रोशनी के लिए हाई-मास्ट लाइटों के साथ-साथ एलईडी लाइट्स लगाने का काम तेजी से पूरा किया जा रहा है।
सड़क और नाला मरम्मत का कार्य युद्ध स्तर पर
मेला शुरू होने से पहले शहर की बुनियादी संरचना को दुरुस्त करने के लिए नगर निगम ने उन सभी सड़कों और नालियों की मरम्मत का बीड़ा उठाया है जो कांवरिया पथ के अंतर्गत आती हैं।
गड्ढमुक्त मार्ग: पिछले दिनों हुई बारिश के कारण जिन सड़कों पर कीचड़ या गड्ढे बन गए थे, उन्हें भरने और समतल करने का काम तेजी से किया जा रहा है ताकि नंगे पांव चलने वाले कांवरियों के पैरों में कंकड़-पत्थर न चुभें।
ड्रेनेज सिस्टम की सफाई: नालियों की तली झाड़ सफाई की जा रही है ताकि गंदा पानी सड़कों पर न बहे और श्रद्धालुओं को जलभराव या दुर्गंध का सामना न करना पड़े।
नगर आयुक्त के निर्देश पर लग रहे हैं 'ड्रॉप गेट' (Drop Gates)
भीड़ नियंत्रण और यातायात को सुचारू रूप से संचालित करने के लिए नगर आयुक्त के विशेष निर्देश पर शहर के प्रमुख प्रवेश द्वारों और संवेदनशील चौराहों पर 'ड्रॉप गेट' (Drop Gates) लगाए जा रहे हैं।
इन ड्रॉप गेट्स के माध्यम से मेला अवधि के दौरान भारी वाहनों और अनधिकृत चार पहिया वाहनों के प्रवेश पर पूरी तरह रोक लगाई जाएगी।
केवल आपातकालीन वाहन (जैसे एंबुलेंस, फायर ब्रिगेड और प्रशासनिक गाड़ियाँ) ही इन गेट्स से होकर गुजर सकेंगी, जिससे पैदल चलने वाले कांवरियों को सड़क पर वाहनों के धक्कों या जाम से मुक्ति मिल सकेगी।
स्थानीय दुकानदारों और नागरिकों से प्रशासन की अपील
प्रशासन और नगर निगम ने संयुक्त रूप से शहर के दुकानदारों और नागरिकों से अपील की है कि वे श्रावणी मेला के इस पवित्र अवसर पर देश-विदेश से आने वाले शिव भक्तों का खुले दिल से स्वागत करें और व्यवस्था बनाए रखने में प्रशासन का सहयोग करें। अधिकारियों ने यह भी चेतावनी दी है कि यदि किसी ने रास्ते में अतिक्रमण करने की कोशिश की या यातायात नियमों का उल्लंघन किया, तो उस पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
भागलपुर नगर निगम द्वारा श्रावणी मेला 2026 को लेकर की जा रही ये तमाम तैयारियां इस बात का प्रमाण हैं कि प्रशासन श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा को लेकर पूरी तरह प्रतिबद्ध है। घाटों पर बैरिकेडिंग, सड़कों की मरम्मत और ड्रॉप गेट्स की स्थापना जैसी पहल से इस वर्ष की कांवर यात्रा बेहद व्यवस्थित, सुरक्षित और ऐतिहासिक होने की उम्मीद है। अब सभी की निगाहें इन व्यवस्थाओं के पूर्ण होने और मेले के शानदार आगाज पर टिकी हैं।