नेपाल के सुनसरी जिले में बोलबम यात्रा के दौरान सांप्रदायिक तनाव, झड़प के बाद पुलिस फायरिंग में एक युवक की मौत, कई घायल
अररिया/फुलकाहा-नेपाल सीमा: भारत-नेपाल सीमा से सटे नेपाल के सुनसरी जिले में बोलबम यात्रा के दौरान धार्मिक झंडे को लेकर शुरू हुआ विवाद हिंसक झड़प में बदल गया। यह घटना फुलकाहा के मानिकपुर बॉर्डर से लगभग डेढ़ किलोमीटर दूर देवानगंज गांवपालिका-3 के कप्तानगंज क्षेत्र में हुई। घटना के बाद स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा। अधिकारियों के अनुसार, पुलिस की कार्रवाई के दौरान चली गोली से कई लोग घायल हुए। बाद में उपचार के दौरान एक युवक की मौत हो गई, जबकि कई पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं।
घटना के बाद पूरे इलाके में तनाव का माहौल है। स्थानीय प्रशासन ने अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती कर दी है और लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है।
बोलबम यात्रा के दौरान शुरू हुआ विवाद
प्राप्त जानकारी के अनुसार, सावन महीने में निकाली जा रही बोलबम यात्रा के दौरान धार्मिक झंडे को लेकर दो समुदायों के बीच विवाद उत्पन्न हो गया। शुरुआत में दोनों पक्षों के बीच कहासुनी हुई, लेकिन देखते ही देखते मामला हिंसक झड़प में बदल गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, विवाद बढ़ने के बाद दोनों पक्षों के लोग आमने-सामने आ गए, जिससे पूरे क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
स्थिति बिगड़ने पर पुलिस ने संभाला मोर्चा
सूचना मिलने के बाद नेपाल पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों को शांत कराने का प्रयास किया। हालांकि, हालात लगातार बिगड़ते गए और भीड़ को नियंत्रित करने में पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी।
प्रशासन का कहना है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने और हिंसा को फैलने से रोकने के लिए आवश्यक कदम उठाए गए।
पुलिस फायरिंग में कई लोग घायल
आधिकारिक जानकारी के अनुसार, स्थिति को नियंत्रित करने के दौरान पुलिस की गोलीबारी में नौ लोग घायल हुए। सभी घायलों को तत्काल नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज शुरू किया गया।
घायलों में कुछ की हालत गंभीर बताई गई, जिसके कारण उन्हें उच्च चिकित्सा केंद्रों में रेफर किए जाने की भी जानकारी सामने आई।
इलाज के दौरान युवक की मौत
घटना में घायल 24 वर्षीय ओमप्रकाश मेहता की इलाज के दौरान रविवार देर रात मृत्यु हो गई। उनकी मौत की खबर सामने आते ही क्षेत्र में शोक और तनाव का माहौल और गहरा गया।
परिजनों और स्थानीय लोगों ने घटना पर दुख जताते हुए निष्पक्ष जांच और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ उचित कार्रवाई की मांग की।
पुलिसकर्मी भी हुए घायल
जिलाधिकारी बासुदेव घिमिरे के अनुसार, हिंसक झड़प के दौरान एक इंस्पेक्टर सहित आठ पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं।
घायल पुलिसकर्मियों को भी उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। अधिकारियों ने बताया कि सभी की चिकित्सकीय निगरानी की जा रही है।
प्रशासन ने बढ़ाई सुरक्षा
घटना के बाद संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल और सुरक्षा कर्मियों की तैनाती की गई है। प्रशासन लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है ताकि किसी भी नई अप्रिय घटना को रोका जा सके।
स्थानीय लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और प्रशासन के साथ सहयोग करने की अपील की गई है।
शांति बनाए रखने की अपील
जिला प्रशासन और पुलिस अधिकारियों ने दोनों समुदायों के लोगों से संयम बरतने और शांति बनाए रखने का आग्रह किया है।
अधिकारियों ने कहा कि किसी भी प्रकार की अफवाह या भड़काऊ संदेश से बचना चाहिए तथा किसी भी सूचना की पुष्टि आधिकारिक स्रोतों से ही करनी चाहिए।
जांच की प्रक्रिया शुरू
प्रशासन ने घटना की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि विवाद कैसे शुरू हुआ, हिंसा किस परिस्थिति में बढ़ी और पुलिस कार्रवाई की परिस्थितियां क्या थीं, इन सभी पहलुओं की जांच की जाएगी।
घटना से जुड़े प्रत्यक्षदर्शियों के बयान, उपलब्ध वीडियो फुटेज और अन्य साक्ष्यों को भी जांच का हिस्सा बनाया जा रहा है।
सीमा क्षेत्र में बढ़ी सतर्कता
भारत-नेपाल सीमा से सटे होने के कारण सुरक्षा एजेंसियां भी स्थिति पर नजर रखे हुए हैं। सीमा क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया गया है ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय गतिविधि या तनाव का असर सीमावर्ती क्षेत्रों पर न पड़े।
स्थानीय प्रशासन दोनों देशों की संबंधित एजेंसियों के साथ समन्वय बनाए हुए है।
सामाजिक सौहार्द बनाए रखने की अपील
सामाजिक और धार्मिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने लोगों से आपसी भाईचारा बनाए रखने की अपील की है। उन्होंने कहा कि किसी भी विवाद का समाधान संवाद और कानून के दायरे में रहकर किया जाना चाहिए।
स्थानीय नागरिकों ने भी प्रशासन से निष्पक्ष जांच और दोषियों के विरुद्ध उचित कार्रवाई की मांग की है।
नेपाल के सुनसरी जिले के देवानगंज गांवपालिका-3 स्थित कप्तानगंज में बोलबम यात्रा के दौरान धार्मिक झंडे को लेकर उत्पन्न विवाद हिंसक झड़प में बदल गया। स्थिति को नियंत्रित करने के दौरान हुई पुलिस कार्रवाई में नौ लोग घायल हुए, जिनमें से 24 वर्षीय ओमप्रकाश मेहता की इलाज के दौरान मृत्यु हो गई। वहीं एक इंस्पेक्टर सहित आठ पुलिसकर्मी भी घायल बताए गए हैं। प्रशासन ने पूरे क्षेत्र में सुरक्षा बढ़ा दी है, मामले की जांच शुरू कर दी गई है और लोगों से शांति एवं सामाजिक सौहार्द बनाए रखने की अपील की है।