सुल्तानगंज-देवघर मार्ग पर सड़क हादसे ने उजाड़ा बसा-बसाया घर, शादी के महज 17 दिन बाद नवविवाहिता की दर्दनाक मौत
भागलपुर/सुल्तानगंज: भागलपुर जिले के सुल्तानगंज-देवघर मुख्य मार्ग पर स्थित शिवनंदनपुर के पास रविवार की सुबह एक भीषण सड़क हादसे ने न केवल एक परिवार की खुशियां छीन लीं, बल्कि पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। तेज रफ्तार एक बेकाबू हाईवा (ट्रक) की चपेट में आने से 20 वर्षीय एक नवविवाहिता की घटनास्थल पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि उनके पति गंभीर रूप से घायल हो गए। यह हादसा उस समय हुआ जब यह दंपत्ति अपनी खुशहाल जिंदगी की नई शुरुआत के सपने संजोए अपने घर लौट रहा था।
मेहंदी की खुशबू फीकी पड़ने से पहले ही बुझ गया चिराग
मृतका की पहचान मुंगेर जिले के मिर्जापुर बरदह निवासी मो. जुल्फिकार की पत्नी रोशनी परवीन (20 वर्ष) के रूप में हुई है। नियति का क्रूर मजाक देखिए कि रोशनी और जुल्फिकार की शादी को अभी मात्र 17 दिन ही बीते थे। 2 जुलाई को ही दोनों ने विवाह के बंधन में बंधकर साथ जीने-मरने की कसमें खाई थीं। अभी हाथों की मेहंदी की खुशबू भी पूरी तरह से नहीं मिट पाई थी कि सड़क हादसे ने उनके जीवन की किताब के पन्ने हमेशा के लिए बंद कर दिए।
परिजनों के अनुसार, रोशनी अपनी मौसी के बुलावे पर शनिवार को अपने पति के साथ बांका जिले के शंभूगंज थाना क्षेत्र के चुटिया बेलारी गांव गई थीं। रविवार की सुबह वे बाइक से वापस अपने घर मिर्जापुर बरदह लौट रहे थे।
कैसे हुआ हादसा?
रविवार की सुबह लगभग 9 बजे, जैसे ही दंपत्ति की बाइक सुल्तानगंज थाना क्षेत्र के शिवनंदनपुर गांव के समीप पहुंची, पीछे से आ रहे एक तेज रफ्तार हाईवा ने उन्हें अपनी चपेट में ले लिया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हाईवा चालक वाहन को बहुत तेजी से और लापरवाही से चला रहा था। ट्रक ने बाइक को इतनी जोरदार टक्कर मारी कि बाइक सवार दंपत्ति सड़क पर गिर पड़े।
हादसा इतना भयावह था कि बाइक के पीछे बैठी रोशनी परवीन संतुलन खोकर सड़क पर गिरीं और हाईवा का पिछला चक्का उनके ऊपर से गुजर गया। घटनास्थल पर ही उनकी मौत हो गई, जबकि उनके पति जुल्फिकार गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना को अंजाम देने के बाद चालक मौके का फायदा उठाकर हाईवा छोड़कर फरार हो गया।
सड़क पर पसरा आक्रोश: दो घंटे तक रहा चक्काजाम
घटना की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीण और परिजन मौके पर एकत्रित हो गए। घटना से आक्रोशित लोगों ने बांस-बल्ले लगाकर सुल्तानगंज-देवघर मुख्य मार्ग को जाम कर दिया। प्रदर्शनकारी हाईवा चालक की तुरंत गिरफ्तारी, मृतका के परिजनों को उचित मुआवजा देने और मौके पर उच्चाधिकारियों को बुलाने की मांग कर रहे थे।
सड़क जाम के कारण सुल्तानगंज-देवघर मार्ग पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और आवागमन पूरी तरह बाधित हो गया। सूचना पाकर सुल्तानगंज थानाध्यक्ष धनंजय कुमार और बीडीओ संजीव कुमार दलबल के साथ मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने काफी मशक्कत के बाद आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों को शांत कराया और मामले में निष्पक्ष कार्रवाई का आश्वासन दिया। करीब दो घंटे की जद्दोजहद के बाद सड़क से जाम हटाया जा सका।
पुलिस की कार्रवाई और जांच
थानाध्यक्ष धनंजय कुमार ने बताया कि शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भागलपुर स्थित जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (JLNMCH) भेज दिया गया है। पुलिस ने आरोपी चालक के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली है और उसकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है। पुलिस का कहना है कि वे घटनास्थल के आसपास के सीसीटीवी फुटेज भी खंगाल रहे हैं ताकि आरोपी की पहचान सुनिश्चित की जा सके।
सुरक्षा पर उठते सवाल
इस दर्दनाक घटना ने एक बार फिर सुल्तानगंज-देवघर मार्ग पर अनियंत्रित और तेज रफ्तार वाहनों के आतंक को उजागर कर दिया है। 17 दिन पहले जिस घर में शहनाइयां गूंज रही थीं, वहां अब मातम पसरा है। यह हादसा समाज के लिए एक चेतावनी है कि सड़क पर सुरक्षा नियमों का पालन कितना जरूरी है। प्रशासन को ऐसे बेलगाम वाहनों पर लगाम लगाने के लिए सख्त कदम उठाने की आवश्यकता है ताकि किसी और परिवार का चिराग इस तरह से न बुझे।