सेवानिवृत्त शिक्षक असीम कुमार मांझी को भावभीनी विदाई, विद्यार्थियों और शिक्षकों ने सम्मान समारोह में दी शुभकामनाएं

बेगूसराय।
बेगूसराय प्रखंड स्थित खम्हार उत्क्रमित मध्य विद्यालय में सोमवार को एक भावनात्मक और गरिमामय विदाई समारोह का आयोजन किया गया। विद्यालय परिवार ने अपने वरिष्ठ एवं समर्पित शिक्षक असीम कुमार मांझी के सेवानिवृत्त होने के अवसर पर उन्हें सम्मानपूर्वक विदाई दी। इस अवसर पर विद्यालय परिसर भावुक माहौल से भर गया, जहां वर्षों तक विद्यार्थियों के भविष्य को संवारने वाले शिक्षक को शिक्षकों, विद्यार्थियों और स्थानीय लोगों ने सम्मान और शुभकामनाओं के साथ विदा किया।

समारोह में विद्यालय के प्रधानाध्यापक, शिक्षकगण, कर्मचारी, छात्र-छात्राएं, अभिभावक और कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। सभी ने असीम कुमार मांझी के लंबे शैक्षणिक जीवन, अनुशासन, सरल स्वभाव और शिक्षा के प्रति उनकी प्रतिबद्धता की सराहना की।

सम्मान समारोह में व्यक्त किए गए भाव

कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन और स्वागत गीत के साथ हुई। इसके बाद वक्ताओं ने असीम कुमार मांझी के शिक्षा क्षेत्र में दिए गए अमूल्य योगदान को याद करते हुए कहा कि उन्होंने अपने पूरे सेवा काल में न केवल विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा दी, बल्कि उनमें नैतिक मूल्यों, अनुशासन और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना भी विकसित की।

वक्ताओं ने कहा कि एक शिक्षक का प्रभाव केवल कक्षा तक सीमित नहीं रहता, बल्कि वह समाज और आने वाली पीढ़ियों के निर्माण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। असीम कुमार मांझी ने इसी दायित्व का ईमानदारी और समर्पण के साथ निर्वहन किया।

विद्यार्थियों ने साझा की यादें

विद्यालय के छात्र-छात्राओं ने अपने प्रिय शिक्षक के साथ बिताए गए पलों को याद करते हुए कहा कि वे हमेशा पढ़ाई के साथ-साथ जीवन के महत्वपूर्ण मूल्यों की शिक्षा भी देते थे। उनकी सादगी, अनुशासन और विद्यार्थियों के प्रति आत्मीय व्यवहार सभी के लिए प्रेरणा का स्रोत रहा।

कई विद्यार्थियों ने सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से अपने गुरु के प्रति सम्मान व्यक्त किया। गीत, कविता और भाषण के जरिए उन्होंने उनके स्वस्थ एवं सुखद भविष्य की कामना की।

पुष्पगुच्छ और स्मृति-चिह्न देकर किया सम्मानित

विद्यालय परिवार की ओर से असीम कुमार मांझी को पुष्पगुच्छ, अंगवस्त्र और स्मृति-चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया। सहयोगियों ने उन्हें शॉल ओढ़ाकर और सम्मान-पत्र प्रदान कर उनके लंबे एवं उत्कृष्ट सेवाकाल के प्रति आभार व्यक्त किया।

इस अवसर पर उपस्थित सभी लोगों ने खड़े होकर तालियों की गड़गड़ाहट के बीच उनका अभिनंदन किया। समारोह का यह क्षण भावुक कर देने वाला रहा।

सेवानिवृत्त शिक्षक ने व्यक्त किया आभार

अपने संबोधन में असीम कुमार मांझी ने विद्यालय परिवार, विद्यार्थियों और शिक्षा विभाग का धन्यवाद देते हुए कहा कि शिक्षण कार्य उनके लिए केवल नौकरी नहीं, बल्कि समाज सेवा का माध्यम रहा है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों का प्रेम और सहयोग उनके जीवन की सबसे बड़ी उपलब्धि है।

उन्होंने शिक्षकों से आग्रह किया कि वे शिक्षा की गुणवत्ता और विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास को हमेशा प्राथमिकता दें। साथ ही विद्यार्थियों को मेहनत, अनुशासन और ईमानदारी के साथ जीवन में आगे बढ़ने का संदेश दिया।

शिक्षा केवल ज्ञान नहीं, संस्कार भी है

समारोह में वक्ताओं ने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल परीक्षा में सफलता दिलाना नहीं, बल्कि जिम्मेदार नागरिक तैयार करना भी है। असीम कुमार मांझी ने अपने कार्यकाल में इसी विचारधारा को अपनाया और विद्यार्थियों के व्यक्तित्व निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

उनके सहयोगी शिक्षकों ने कहा कि उनका अनुभव, मार्गदर्शन और सकारात्मक सोच हमेशा विद्यालय परिवार के लिए प्रेरणा का स्रोत बनी रहेगी।

विद्यालय परिवार ने दी उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं

कार्यक्रम के अंत में सभी शिक्षकों, कर्मचारियों और विद्यार्थियों ने असीम कुमार मांझी के स्वस्थ, सुखद और दीर्घायु जीवन की कामना की। सभी ने आशा व्यक्त की कि सेवानिवृत्ति के बाद भी वे समाज और शिक्षा के क्षेत्र में अपने अनुभवों से लोगों का मार्गदर्शन करते रहेंगे।

खम्हार उत्क्रमित निष्कर्षमध्य विद्यालय में आयोजित विदाई समारोह केवल एक शिक्षक की सेवानिवृत्ति का कार्यक्रम नहीं था, बल्कि शिक्षा के प्रति समर्पण, अनुशासन और सेवा भावना को सम्मान देने का अवसर भी था। असीम कुमार मांझी का योगदान विद्यालय और विद्यार्थियों के लिए हमेशा प्रेरणास्रोत बना रहेगा तथा उनका शिक्षकीय जीवन आने वाली पीढ़ियों को शिक्षा और संस्कार का संदेश देता रहेगा।