पूर्णिया में घर के अंदर दंपती के शव फंदे से लटके मिले, बेटी ने भाई पर लगाए हत्या के गंभीर आरोप

जागरण संवाददाता, पूर्णिया। बिहार के पूर्णिया जिले में एक दंपती की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। घर के अंदर पति-पत्नी के शव फंदे से लटके मिलने के बाद स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची तथा पूरे घटनास्थल की बारीकी से जांच शुरू कर दी। शुरुआती जांच में मामला जितना सामान्य दिखाई दे रहा था, मृतक दंपती की बेटी के गंभीर आरोपों ने उसे उतना ही संवेदनशील बना दिया। बेटी ने आरोप लगाया है कि उसके भाई ने ही अपने माता-पिता की हत्या कर शवों को फंदे से लटका दिया, ताकि घटना आत्महत्या जैसी प्रतीत हो।

पुलिस फिलहाल हर पहलू से मामले की जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट, फॉरेंसिक साक्ष्य और अन्य वैज्ञानिक जांच के आधार पर ही मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा। अभी किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी।

सुबह घर नहीं खुला तो हुई चिंता

स्थानीय लोगों के अनुसार, जब काफी देर तक दंपती के घर का दरवाजा नहीं खुला और अंदर से कोई आवाज नहीं आई, तो पड़ोसियों को संदेह हुआ। कई बार आवाज लगाने के बावजूद कोई प्रतिक्रिया नहीं मिलने पर लोगों ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस की मौजूदगी में घर का दरवाजा खोला गया तो अंदर का दृश्य देखकर सभी स्तब्ध रह गए।

घर के अलग-अलग हिस्सों में पति और पत्नी के शव फंदे से लटके मिले। घटना की खबर फैलते ही आसपास के लोग बड़ी संख्या में मौके पर जमा हो गए। पुलिस ने भीड़ को हटाकर घटनास्थल को सुरक्षित किया और साक्ष्य जुटाने का काम शुरू किया।

बेटी ने लगाए हत्या के आरोप

घटना के बाद सबसे बड़ा मोड़ तब आया, जब मृतक दंपती की बेटी ने अपने भाई पर गंभीर आरोप लगाए। उसका कहना है कि उसके माता-पिता आत्महत्या नहीं कर सकते। उसने दावा किया कि उसके भाई ने किसी कारणवश दोनों की हत्या कर दी और बाद में शवों को फंदे से लटका दिया, ताकि मामला आत्महत्या का लगे।

बेटी ने पुलिस से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए कहा कि यदि सभी पहलुओं की गहराई से जांच की जाए, तो सच्चाई सामने आ जाएगी। उसके आरोपों के बाद पुलिस ने मामले को और गंभीरता से लेते हुए जांच का दायरा बढ़ा दिया है।

पुलिस हर एंगल से कर रही जांच

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि मामला आत्महत्या का है या हत्या का। इसलिए सभी संभावित पहलुओं की जांच की जा रही है। घटनास्थल से मिले साक्ष्य, कमरे की स्थिति, शवों की अवस्था और अन्य परिस्थितियों का विश्लेषण किया जा रहा है।

फॉरेंसिक विशेषज्ञों ने घटनास्थल से आवश्यक नमूने एकत्र किए हैं। साथ ही आसपास के लोगों और परिवार के सदस्यों से पूछताछ भी की जा रही है। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि घटना से पहले दंपती के घर में कौन-कौन लोग आए थे और परिवार के भीतर किसी प्रकार का विवाद तो नहीं चल रहा था।

पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार

पुलिस का कहना है कि मौत के कारणों का सही पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा। यदि रिपोर्ट में गला दबाने, संघर्ष या अन्य चोटों के संकेत मिलते हैं, तो जांच की दिशा बदल सकती है। वहीं यदि रिपोर्ट आत्महत्या की ओर संकेत करती है, तो उसके अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।

जांच अधिकारी ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट, फॉरेंसिक विश्लेषण और तकनीकी साक्ष्यों को मिलाकर पूरे मामले की जांच की जाएगी। किसी भी संभावना को फिलहाल खारिज नहीं किया गया है।

पारिवारिक विवाद की भी जांच

पुलिस परिवार की पृष्ठभूमि और आपसी संबंधों की भी जांच कर रही है। यह पता लगाया जा रहा है कि क्या परिवार में लंबे समय से किसी प्रकार का विवाद चल रहा था या फिर कोई आर्थिक अथवा संपत्ति संबंधी मामला था। इसके अलावा कॉल डिटेल, मोबाइल फोन और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की भी जांच की जा सकती है, ताकि घटना से पहले की परिस्थितियों को समझा जा सके।

इलाके में फैली सनसनी

एक साथ पति-पत्नी के शव मिलने और फिर बेटी द्वारा भाई पर हत्या का आरोप लगाने से पूरे इलाके में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। स्थानीय लोग इस घटना को लेकर स्तब्ध हैं और पुलिस जांच का इंतजार कर रहे हैं। लोगों का कहना है कि सच सामने आना बेहद जरूरी है ताकि दोषी के खिलाफ उचित कार्रवाई हो सके।

पुलिस की अपील

पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और जांच पूरी होने तक किसी निष्कर्ष पर न पहुंचें। अधिकारियों ने कहा कि मामले की वैज्ञानिक और निष्पक्ष जांच की जा रही है। यदि जांच में किसी व्यक्ति की संलिप्तता सामने आती है, तो उसके खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।

जांच के बाद ही सामने आएगी सच्चाई

फिलहाल पूर्णिया का यह मामला कई सवाल खड़े कर रहा है। क्या यह दंपती की आत्महत्या है या फिर सुनियोजित हत्या? क्या बेटी के आरोप सही हैं या इसके पीछे कोई और वजह है? इन सभी सवालों के जवाब पुलिस जांच, फॉरेंसिक रिपोर्ट और पोस्टमार्टम के निष्कर्षों के बाद ही सामने आ सकेंगे।

तब तक यह मामला पुलिस के लिए एक संवेदनशील जांच का विषय बना हुआ है। प्रशासन का कहना है कि किसी भी तथ्य को नजरअंदाज नहीं किया जाएगा और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर निष्पक्ष कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।