‘भारत को जानो’ और राष्ट्रीय समूह गान प्रतियोगिता में पहली बार 30 लाख बच्चे होंगे शामिल भारत विकास परिषद की पहल, 29 और 31 अगस्त को होंगी प्रतियोगिताएं; 1600 शाखाओं के छात्र लेंगे हिस्सा
भागलपुर : भारत विकास परिषद की ओर से देशभर में आयोजित की जा रही ‘भारत को जानो’ और राष्ट्रीय समूह गान प्रतियोगिता इस बार विशेष रूप से व्यापक स्तर पर आयोजित की जा रही है। प्रतियोगिता में करीब 30 लाख बच्चे पहली बार भाग लेने जा रहे हैं। भागलपुर समेत देश के विभिन्न हिस्सों में प्रतियोगिताओं को लेकर तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। आयोजन का उद्देश्य विद्यार्थियों में देश के इतिहास, संस्कृति, परंपरा और राष्ट्रीय भावना के प्रति जागरूकता बढ़ाना है।
भारत विकास परिषद की करीब 1600 शाखाओं के माध्यम से इन प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाएगा। बड़ी संख्या में स्कूलों के विद्यार्थी इसमें हिस्सा लेकर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे। प्रतियोगिता को लेकर विद्यार्थियों, शिक्षकों और अभिभावकों में भी उत्साह देखने को मिल रहा है।
29 और 31 अगस्त को होंगे आयोजन
आयोजकों के अनुसार, प्रतियोगिताओं का आयोजन 29 और 31 अगस्त को निर्धारित कार्यक्रम के तहत किया जाएगा। इसके लिए संबंधित शाखाओं और विद्यालयों के स्तर पर आवश्यक तैयारियां की जा रही हैं। विद्यार्थियों को प्रतियोगिता के स्वरूप और विषयों की जानकारी दी जा रही है।
‘भारत को जानो’ प्रतियोगिता में विद्यार्थियों से भारत के इतिहास, भूगोल, संस्कृति, महापुरुषों, वैज्ञानिक उपलब्धियों और राष्ट्रीय विरासत से जुड़े प्रश्न पूछे जाएंगे। इसका उद्देश्य बच्चों में सामान्य ज्ञान बढ़ाने के साथ देश के प्रति समझ और गौरव की भावना विकसित करना है।
राष्ट्रीय समूह गान से बढ़ेगा देशभक्ति का भाव
राष्ट्रीय समूह गान प्रतियोगिता में विद्यार्थी सामूहिक रूप से देशभक्ति गीत और राष्ट्रीय भावना से जुड़े गीत प्रस्तुत करेंगे। समूह में गायन के माध्यम से विद्यार्थियों में अनुशासन, टीम भावना और आपसी सहयोग की भावना विकसित करने का प्रयास किया जाएगा।
आयोजकों का मानना है कि संगीत बच्चों को एक-दूसरे से जोड़ने का प्रभावी माध्यम है। समूह गान के दौरान विद्यार्थी एक साथ अभ्यास करते हैं और सामूहिक रूप से प्रस्तुति देते हैं, जिससे उनमें टीमवर्क और नेतृत्व क्षमता भी विकसित होती है।
1600 शाखाओं के माध्यम से आयोजन
भारत विकास परिषद की लगभग 1600 शाखाएं प्रतियोगिताओं के आयोजन में भूमिका निभाएंगी। शाखाओं के माध्यम से स्कूलों और विद्यार्थियों तक प्रतियोगिता की जानकारी पहुंचाई जा रही है। स्थानीय स्तर पर आयोजन समितियां तैयारियां कर रही हैं।
भागलपुर में भी प्रतियोगिताओं को सफल बनाने के लिए परिषद से जुड़े पदाधिकारी और सदस्य सक्रिय हैं। विद्यालयों से संपर्क कर विद्यार्थियों की भागीदारी सुनिश्चित करने का प्रयास किया जा रहा है।
पहली बार 30 लाख बच्चों की भागीदारी
इस आयोजन की सबसे बड़ी विशेषता बच्चों की व्यापक भागीदारी है। करीब 30 लाख बच्चे पहली बार इन प्रतियोगिताओं में शामिल होंगे। इतने बड़े स्तर पर बच्चों की भागीदारी इसे विशेष महत्व दे रही है।
आयोजकों के अनुसार, प्रतियोगिताओं के जरिए विद्यार्थियों को पढ़ाई के अलावा देश की विविधता, संस्कृति और विरासत को समझने का अवसर मिलेगा। बच्चों में प्रतियोगिता की भावना के साथ-साथ राष्ट्रीय एकता और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना विकसित करने पर भी जोर दिया जा रहा है।
विद्यार्थियों को मिलेगा अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर
प्रतियोगिताएं विद्यार्थियों के लिए अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का मंच भी उपलब्ध कराएंगी। ‘भारत को जानो’ में जहां विद्यार्थियों की जानकारी और बौद्धिक क्षमता की परीक्षा होगी, वहीं समूह गान में उनकी संगीत प्रतिभा और सामूहिक प्रस्तुति का मूल्यांकन किया जाएगा।
स्कूलों में प्रतियोगिताओं की तैयारी के लिए अभ्यास और अध्ययन सत्र आयोजित किए जा रहे हैं। शिक्षक विद्यार्थियों को प्रतियोगिता के लिए मार्गदर्शन दे रहे हैं।
राष्ट्रीय एकता का संदेश
भारत विकास परिषद का मानना है कि देश के विभिन्न हिस्सों के बच्चों को ऐसे आयोजनों से जोड़ने से राष्ट्रीय एकता की भावना मजबूत होती है। अलग-अलग भाषाओं, क्षेत्रों और संस्कृतियों से आने वाले विद्यार्थी एक मंच पर आकर भारत की विविधता में एकता का संदेश देते हैं।