बिहटा में तेज रफ्तार हाईवा की चपेट में आने से महिला की दर्दनाक मौत, बेटे और बहू के साथ आरा जा रही थीं; पुलिस ने वाहन जब्त कर शुरू की जांच

पटना। राजधानी पटना के बिहटा थाना क्षेत्र में बुधवार को एक दर्दनाक सड़क हादसे में महिला की जान चली गई। सिकंदरपुर गांव के समीप तेज रफ्तार हाईवा ने बाइक सवार महिला को कुचल दिया, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। मृतका की पहचान सविता देवी के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि वह अपने बेटे और बहू के साथ बाइक पर सवार होकर आरा जा रही थीं। हादसे के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस ने हादसे में शामिल हाईवा को जब्त कर आगे की जांच शुरू कर दी है।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सुबह के समय सड़क पर सामान्य रूप से यातायात चल रहा था। इसी दौरान तेज गति से आ रहा हाईवा अचानक बाइक के बेहद करीब पहुंच गया। कुछ ही क्षणों में वाहन ने बाइक को टक्कर मार दी, जिससे सवार लोग सड़क पर गिर पड़े। हादसे में सविता देवी हाईवा की चपेट में आ गईं और गंभीर रूप से घायल हो गईं। स्थानीय लोगों ने तुरंत उन्हें बचाने की कोशिश की, लेकिन उनकी मौके पर ही मौत हो गई। बेटे और बहू को भी चोटें आईं, जिन्हें प्राथमिक उपचार के लिए नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया।

घटना के बाद आसपास के लोगों की भारी भीड़ मौके पर जुट गई। लोगों ने दुर्घटना को लेकर नाराजगी जताते हुए तेज रफ्तार वाहनों पर नियंत्रण की मांग की। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस मार्ग पर भारी वाहनों की तेज रफ्तार लंबे समय से चिंता का विषय बनी हुई है। कई बार प्रशासन से स्पीड कंट्रोल, ट्रैफिक निगरानी और सुरक्षा उपायों की मांग की गई, लेकिन स्थिति में अपेक्षित सुधार नहीं हो सका।

सूचना मिलने पर बिहटा थाना पुलिस तुरंत घटनास्थल पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त हाईवा को जब्त कर लिया तथा चालक की पहचान और उसकी भूमिका की जांच शुरू कर दी। घटनास्थल का निरीक्षण करने के साथ पुलिस ने प्रत्यक्षदर्शियों के बयान भी दर्ज किए। दुर्घटना के कारणों का पता लगाने के लिए तकनीकी और परिस्थितिजन्य साक्ष्य भी एकत्र किए जा रहे हैं।

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, सविता देवी अपने बेटे और बहू के साथ किसी पारिवारिक कार्य से आरा जा रही थीं। यात्रा के दौरान किसी ने यह नहीं सोचा था कि रास्ते में इतना बड़ा हादसा हो जाएगा। अचानक हुई इस दुर्घटना ने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया। घटना की सूचना मिलते ही परिजन और रिश्तेदार भी घटनास्थल तथा अस्पताल पहुंच गए। परिवार में मातम का माहौल है और सभी का रो-रोकर बुरा हाल है।

पुलिस ने मृतका के शव को आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के कारणों की औपचारिक पुष्टि होगी। पुलिस ने बताया कि दुर्घटना के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। यदि चालक की लापरवाही या यातायात नियमों के उल्लंघन की पुष्टि होती है तो उसके खिलाफ संबंधित धाराओं में कार्रवाई की जाएगी।

सड़क सुरक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि राष्ट्रीय और राज्य राजमार्गों पर भारी वाहनों की तेज रफ्तार लगातार चिंता का विषय बनी हुई है। ओवरस्पीडिंग, लापरवाही से वाहन चलाना, सुरक्षित दूरी का पालन न करना और यातायात नियमों की अनदेखी सड़क दुर्घटनाओं के प्रमुख कारण हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि स्पीड मॉनिटरिंग, सीसीटीवी निगरानी, नियमित वाहन जांच और कड़ी कानूनी कार्रवाई से ऐसी घटनाओं में कमी लाई जा सकती है।

स्थानीय लोगों ने प्रशासन से दुर्घटना संभावित क्षेत्रों की पहचान कर वहां स्पीड ब्रेकर, चेतावनी संकेतक, सड़क सुरक्षा बोर्ड और पुलिस गश्त बढ़ाने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि समय रहते प्रभावी कदम नहीं उठाए गए, तो भविष्य में भी इस तरह की दुर्घटनाएं होती रहेंगी। लोगों ने भारी वाहनों के लिए निर्धारित गति सीमा का सख्ती से पालन कराने की भी मांग की।

यातायात विभाग लगातार सड़क सुरक्षा को लेकर जागरूकता अभियान चलाता रहा है। हेलमेट पहनना, निर्धारित गति सीमा का पालन करना, सीट बेल्ट का उपयोग, ओवरटेक करते समय सावधानी बरतना और नशे की हालत में वाहन नहीं चलाना जैसे नियमों का पालन करने की अपील की जाती है। हालांकि सड़क सुरक्षा केवल वाहन चालकों की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि भारी वाहन संचालकों और परिवहन कंपनियों को भी सुरक्षित संचालन सुनिश्चित करना आवश्यक है।

विशेषज्ञों का मानना है कि सड़क दुर्घटनाओं को पूरी तरह रोकना संभव नहीं है, लेकिन बेहतर सड़क प्रबंधन, कड़े यातायात नियमों का पालन, आधुनिक निगरानी प्रणाली और लोगों में जागरूकता बढ़ाकर इनकी संख्या को काफी हद तक कम किया जा सकता है। प्रत्येक दुर्घटना किसी न किसी परिवार के लिए अपूरणीय क्षति लेकर आती है, इसलिए सड़क सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देना आवश्यक है।

फिलहाल पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है। जब्त किए गए हाईवा की तकनीकी जांच, चालक से पूछताछ और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। वहीं सविता देवी के असामयिक निधन से उनके परिवार में शोक की लहर है। स्थानीय लोग भी इस घटना से दुखी हैं और प्रशासन से ऐसी दुर्घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए प्रभावी कदम उठाने की मांग कर रहे हैं।