आरा में NEET पेपर लीक के विरोध में छात्रों का प्रदर्शन, कई जगह सड़क जाम; केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग

आरा: NEET पेपर लीक प्रकरण को लेकर बिहार में छात्रों का विरोध-प्रदर्शन लगातार तेज होता जा रहा है। शनिवार सुबह से भोजपुर जिले के आरा शहर में ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (आइसा) के छात्र-छात्राओं ने बड़े पैमाने पर प्रदर्शन शुरू किया। प्रदर्शनकारियों ने शहर के प्रमुख मार्गों पर मार्च निकालते हुए केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और कथित परीक्षा अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच की मांग उठाई।

प्रदर्शन की शुरुआत वीर कुंवर सिंह पार्क और रमना मैदान के समीप से हुई, जहां बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं और आइसा कार्यकर्ता एकत्र हुए। इसके बाद सभी ने जुलूस के रूप में शहर के विभिन्न मार्गों से मार्च किया। प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने हाथों में तख्तियां और बैनर लेकर NEET पेपर लीक मामले में दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।

प्रदर्शनकारियों का कहना था कि परीक्षा में कथित अनियमितताओं ने लाखों मेहनती छात्रों के भविष्य पर सवाल खड़े कर दिए हैं। उनका आरोप है कि यदि परीक्षा प्रक्रिया पारदर्शी नहीं होगी तो प्रतिभाशाली छात्रों के साथ न्याय नहीं हो पाएगा। इसी को लेकर उन्होंने केंद्र सरकार से निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने की मांग की।

केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग

प्रदर्शन में शामिल छात्रों ने नैतिक जिम्मेदारी का हवाला देते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से इस्तीफे की मांग की। उनका कहना था कि परीक्षा प्रणाली में विश्वास बहाल करने के लिए सरकार को जवाबदेही तय करनी चाहिए और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच करानी चाहिए।

प्रदर्शनकारियों ने नारेबाजी करते हुए कहा कि परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करना सरकार की जिम्मेदारी है। उन्होंने मांग की कि यदि किसी स्तर पर लापरवाही या अनियमितता हुई है तो दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए।

शहर के विभिन्न मार्गों पर निकाला मार्च

आइसा के नेतृत्व में निकाले गए जुलूस में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं शामिल हुए। जुलूस शहर के प्रमुख मार्गों से गुजरते हुए आगे बढ़ा। प्रदर्शन के दौरान पुलिस प्रशासन भी सतर्क रहा और विभिन्न स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखी गई ताकि किसी प्रकार की अप्रिय स्थिति उत्पन्न न हो।

हालांकि, प्रदर्शन शांतिपूर्ण ढंग से जारी रहा और छात्र लगातार अपनी मांगों को लेकर नारे लगाते रहे।

सहार में हाईवे जाम

इधर, भोजपुर जिले के सहार बस स्टैंड के समीप आइसा के छात्र नेताओं और कार्यकर्ताओं ने सकड्डी–नासरीगंज हाईवे को जाम कर दिया। सड़क पर बैठकर प्रदर्शन करने के कारण दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं।

हाईवे जाम होने से यात्रियों और स्थानीय लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। कई वाहन लंबे समय तक जाम में फंसे रहे। प्रशासन ने स्थिति को सामान्य बनाने के लिए प्रदर्शनकारियों से बातचीत शुरू की।

गड़हनी में आरा–सासाराम हाईवे पर प्रदर्शन

भोजपुर के गड़हनी क्षेत्र में भी इंकलाबी नौजवान सभा (इनौस) के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने आंदोलन का समर्थन करते हुए आरा–सासाराम मुख्य मार्ग को जाम कर दिया।

प्रदर्शनकारियों ने सड़क पर बैठकर केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे सहित कई मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। उनका कहना था कि छात्रों के हितों की रक्षा के लिए परीक्षा प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और निष्पक्ष होनी चाहिए।

कई स्थानों पर यातायात प्रभावित

आंदोलन के कारण भोजपुर जिले के कई इलाकों में यातायात प्रभावित हुआ। सड़क जाम की वजह से लोगों को अपने गंतव्य तक पहुंचने में देरी हुई। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर स्थिति पर नजर रखी और यातायात को सुचारु बनाने के प्रयास किए।

प्रशासन रहा सतर्क

प्रदर्शन को देखते हुए जिला प्रशासन ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए। विभिन्न संवेदनशील स्थानों पर पुलिस बल की तैनाती की गई ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे। अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों से शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखने की अपील की।

छात्रों की प्रमुख मांगें

प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने कई मांगें रखीं, जिनमें प्रमुख रूप से—

  • NEET पेपर लीक मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच।
  • दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई।
  • परीक्षा प्रणाली में सुधार और पारदर्शिता सुनिश्चित करना।
  • कथित अनियमितताओं की नैतिक जिम्मेदारी तय करना।
  • केंद्रीय शिक्षा मंत्री से इस्तीफे की मांग।

राजनीतिक और सामाजिक चर्चा तेज

NEET पेपर लीक विवाद को लेकर राज्यभर में राजनीतिक और सामाजिक चर्चाएं भी तेज हो गई हैं। विभिन्न छात्र संगठनों और राजनीतिक दलों की ओर से अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। हालांकि, पूरे मामले की जांच और इससे जुड़े आरोपों पर संबंधित एजेंसियों की प्रक्रिया जारी है।

फिलहाल आरा, सहार और गड़हनी में प्रदर्शन और सड़क जाम के कारण जनजीवन आंशिक रूप से प्रभावित रहा। प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठा रहा है। वहीं, प्रदर्शनकारी अपनी मांगों को लेकर आंदोलन जारी रखने की बात कह रहे हैं।