श्रीव्यास गुरु पूर्णिमा महोत्सव-2026 की तैयारियां तेज: नगर आयुक्त प्रभात कुमार झा ने एमएलटी कॉलेज परिसर का किया औचक निरीक्षण, व्यवस्थाओं का लिया जायजा

सहरसा/पूर्णिया: भारतीय सनातन संस्कृति में गुरु पूर्णिमा का पर्व अत्यंत पवित्र, श्रद्धा और आस्था का प्रतीक माना जाता है। वर्ष 2026 के पावन अवसर पर आयोजित होने वाले भव्य 'श्रीव्यास गुरु पूर्णिमा महोत्सव-2026' को ऐतिहासिक और सुव्यवस्थित बनाने के लिए प्रशासनिक स्तर पर तैयारियां अब युद्ध स्तर पर शुरू हो चुकी हैं। महोत्सव के सफल आयोजन और लाखों श्रद्धालुओं के आगमन को ध्यान में रखते हुए जिला प्रशासन और नगर निगम पूरी तरह से मुस्तैद नजर आ रहा है।

इसी क्रम में शहर के प्रतिष्ठित एमएलटी कॉलेज परिसर (MLT College Campus) में आयोजित होने वाले इस विशाल महोत्सव की तैयारियों का जायजा लेने के लिए नगर निगम के नगर आयुक्त प्रभात कुमार झा ने स्वयं मोर्चा संभाला है। नगर आयुक्त ने प्रशासनिक अधिकारियों की टीम के साथ एमएलटी कॉलेज परिसर का दौरा किया और स्थल निरीक्षण कर चल रही तैयारियों की जमीनी हकीकत को परखा।

नगर आयुक्त प्रभात कुमार झा द्वारा एमएलटी कॉलेज परिसर का विस्तृत निरीक्षण

श्रीव्यास गुरु पूर्णिमा महोत्सव-2026 के मद्देनजर नगर आयुक्त प्रभात कुमार झा ने एमएलटी कॉलेज परिसर के चप्पे-चप्पे का बारीकी से मुआयना किया। इस दौरान उनके साथ नगर निगम के कई वरिष्ठ अधिकारी, अभियंता और आयोजन समिति से जुड़े लोग भी मौजूद रहे। निरीक्षण के दौरान नगर आयुक्त ने मुख्य पांडाल, सांस्कृतिक कार्यक्रम स्थल, संतों और श्रद्धालुओं के बैठने की व्यवस्था तथा वाहन पार्किंग जोन का जायजा लिया।

स्वच्छता और साफ-सफाई पर विशेष जोर: महोत्सव में देश-विदेश और दूर-दराज के क्षेत्रों से आने वाले साधु-संतों, शिष्यों और श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए नगर आयुक्त ने परिसर में साफ-सफाई की व्यवस्था को चाक-चौबंद रखने के कड़े निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि पूरे प्रांगण में स्वच्छता का विशेष ध्यान रखा जाए ताकि किसी भी आगंतुक को असुविधा न हो। इसके लिए जगह-जगह डस्टबिन लगाने और सफाई कर्मियों की विशेष तैनाती करने का निर्देश दिया गया है।

पेयजल की निर्बाध आपूर्ति: गर्मी और उमस भरे मौसम तथा भीड़भाड़ को ध्यान में रखते हुए पेयजल एक सबसे बड़ी प्राथमिकता है। नगर आयुक्त ने कॉलेज परिसर के विभिन्न हिस्सों में शुद्ध पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा है। इसके लिए अस्थायी वाटर टैंक, प्याऊ और टैंकरों की व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए हैं ताकि श्रद्धालुओं को पानी के लिए भटकना न पड़े।

प्रकाश व्यवस्था (Lighting Arrangement): महोत्सव के दौरान रात्रि के समय होने वाले आयोजनों और सुरक्षा के दृष्टिकोण से प्रकाश व्यवस्था बेहद महत्वपूर्ण है। नगर आयुक्त ने पूरे कॉलेज परिसर और आसपास के पहुंच पथों पर उच्च क्षमता वाली लाइटें लगाने, खराब पड़ी स्ट्रीट लाइटों को तुरंत दुरुस्त करने तथा जनरेटर का बैकअप रखने के निर्देश दिए ताकि बिजली कटने की स्थिति में भी अंधेरा न हो।

अन्य बुनियादी सुविधाओं और सुरक्षा का जायजा

निरीक्षण के दौरान नगर आयुक्त प्रभात कुमार झा ने केवल साफ-सफाई और पानी-बिजली तक ही सीमित नहीं रहे, बल्कि उन्होंने अन्य जरूरी बुनियादी सुविधाओं (Basic Amenities) का भी बारीकी से जायजा लिया।

अस्थायी शौचालय और मूत्रालय: बड़े आयोजनों में जनसुविधाओं का होना अत्यंत आवश्यक है। नगर आयुक्त ने निर्देश दिया कि कॉलेज परिसर के बाहर और अंदर पर्याप्त संख्या में अस्थायी शौचालयों (Mobile Toilets) का निर्माण व स्थापना कराई जाए, विशेषकर महिलाओं के लिए अलग से विशेष प्रबंध किए जाएं।

यातायात और पार्किंग प्रबंधन: महोत्सव में उमड़ने वाली भारी भीड़ के कारण यातायात बाधित न हो, इसके लिए वाहनों की पार्किंग के लिए कॉलेज परिसर के बाहर सुरक्षित और खुले स्थानों को चिन्हित किया गया है। नगर आयुक्त ने ट्रैफिक कंट्रोल और बैरिकेडिंग को लेकर भी पुलिस व प्रशासन के अधिकारियों के साथ चर्चा की।

चिकित्सा शिविर और आपातकालीन सेवाएं: किसी भी आकस्मिक स्थिति से निपटने के लिए परिसर में ही एक मेडिकल कैंप (चिकित्सा शिविर) और एम्बुलेंस की तैनाती सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि जरूरत पड़ने पर तुरंत प्राथमिक उपचार मिल सके।

प्रशासनिक प्रतिबद्धता और अधिकारियों को दिए गए आवश्यक दिशा-निर्देश

निरीक्षण के अंत में नगर आयुक्त प्रभात कुमार झा ने मीडिया और संबंधित अधिकारियों से बातचीत करते हुए कहा कि 'श्रीव्यास गुरु पूर्णिमा महोत्सव-2026' हमारी सांस्कृतिक विरासत का एक महान उत्सव है। इसमें लाखों की संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है। ऐसे में यह प्रशासन की नैतिक और प्रशासनिक जिम्मेदारी है कि वे आने वाले सभी भक्तों को बेहतरीन सुविधाएं और सुरक्षित माहौल प्रदान करें।

समय सीमा के भीतर कार्य पूरा करने का अल्टीमेटम: नगर आयुक्त ने सभी संबंधित विभागों (विद्युत विभाग, लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग, स्वच्छता शाखा आदि) के अधिकारियों को कड़ी हिदायत दी है कि महोत्सव के शुरू होने से पहले सभी तैयारियां हर हाल में पूरी कर ली जाएं। किसी भी प्रकार की कोताही या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

समिति के साथ समन्वय: आयोजन समिति के सदस्यों ने भी नगर आयुक्त के इस दौरे का स्वागत किया है और प्रशासन को पूर्ण सहयोग देने का भरोसा दिलाया है।

तैयारियों के इस सिलसिले से यह स्पष्ट हो गया है कि इस वर्ष का श्रीव्यास गुरु पूर्णिमा महोत्सव न केवल भव्य होगा, बल्कि प्रशासनिक मुस्तैदी के चलते यह पूरी तरह से व्यवस्थित और शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न भी होगा।